केसर मसाला दूध की रेसिपी

केसर मसाला दूध की रेसिपी

यह सुनहरी ड्रिंक आपके मेन्यू में क्यों होनी चाहिए

याद कीजिए, किसी ठंडी रात में जब किसी ने आपके लिए केसर वाला दूध बनाया हो। सोने से ठीक पहले आपको वह गिलास थमाया गया हो। इसी याद को ध्यान में रखकर यह रेसिपी तैयार की गई है। इसमें कुछ और मसाले मिलाने से यह एक बेहतरीन 'केसर मसाला दूध' बन जाता है। यह काफी गाढ़ा होता है, हल्का मीठा होता है और हर घूंट में इलायची का स्वाद आता है।

इसे आप शाम के समय भी पी सकते हैं। दिन भर की थकान के बाद, एक गिलास गरमा-गरम दूध मिल जाए, तो बस मज़ा आ जाता है। और जब समय कम हो, तो इसे झटपट तैयार किया जा सकता है। बस 15 मिनट का समय और रसोई में मौजूद कुछ चीज़ें चाहिए।

  • तैयारी का समय - 5 मिनट
  • कितना बनेगा - 2 गिलास
  • कितने लोगों के लिए - 2 लोग

सामग्री

  • 2 कप मधुसूदन दूध (फुल क्रीम)
  • 10 से 12 केसर के धागे
  • 2 हरी इलायची, कुटी हुई
  • एक चुटकी से भी कम जायफल (बहुत थोड़ा सा)
  • एक चुटकी सोंठ (सूखे अदरक का पाउडर)
  • 4 बादाम और 4 पिस्ते, पतले कटे हुए
  • 1 से 2 चम्मच शहद या मिश्री

घर पर केसर वाला दूध बनाने का तरीका (स्टेप-बाय-स्टेप)

केसर भिगोएं -

एक छोटी कटोरी में दो चम्मच दूध हल्का गर्म करें और उसमें केसर के धागे डाल दें। अब इसे लगभग 10 मिनट के लिए छोड़ दें। दूध अपने आप सुनहरे रंग का हो जाएगा।

दूध गर्म करें -

बाकी बचे दूध को एक भारी तले वाले बर्तन में डालें और धीमी आंच पर गर्म करें। बीच-बीच में इसे चलाते रहें। दूध बहुत जल्दी बर्तन के तले में चिपक सकता है, इसलिए पास ही रहना बेहतर है।

मसाले डालें -

सबसे पहले कुटी हुई इलायची डालें, फिर जायफल और सोंठ डालें। इसे धीमी आंच पर लगभग 5 मिनट तक पकने दें। अब आपकी पूरी रसोई में एक बहुत अच्छी खुशबू फैल जाएगी।

केसर वाला दूध मिलाएं -

अब इसमें केसर वाला दूध डालें और अच्छी तरह मिलाएं। एक मिनट और रुकें, फिर गैस बंद कर दें।

मीठा मिलाएं और सर्व करें -

दूध को थोड़ा ठंडा होने दें, फिर इसमें शहद या मिश्री मिलाएं। इसे दो गिलासों में निकालें और ऊपर से कटे हुए मेवे (बादाम-पिस्ते) डाल दें।

एकदम परफेक्ट दूध बनाने के लिए कुछ टिप्स

  • असली केसर गहरे लाल रंग का होता है। अगर केसर के धागे हल्के नारंगी रंग के हैं, तो समझ लें कि वे अच्छी क्वालिटी के नहीं हैं। 
  • आंच धीमी रखें। तेज़ उबालने से इसका रंग और खुशबू खत्म हो जाती है।
  • दूध के थोड़ा ठंडा होने के बाद इसमें शहद मिलाएं। गर्म करने से इसका स्वाद बदल जाता है।
  • एक गिलास काफी है। दूध में कैलोरी भी होती है।

केसर वाले दूध के फायदे

केसर में क्रोसिन और सैफ्रानल जैसे प्लांट कंपाउंड होते हैं। कुछ छोटी स्टडीज़ में देखा गया है कि यह मूड को थोड़ा बेहतर बनाने में मदद कर सकता है। दूध से कैल्शियम और प्रोटीन मिलता है। इसलिए इसे पीने से शरीर में गर्माहट आती है और पेट भरा हुआ लगता है।

अक्सर लोग पूछते हैं कि क्या केसर वाला दूध वज़न घटाने में मदद करता है। एक छोटी स्टडी में पाया गया कि केसर के अर्क से लोगों का पेट भरा हुआ महसूस होता है, जिससे वे स्नैक्स कम खाते हैं। इसका मतलब यह नहीं है कि यह फैट बर्न करता है। इसे किसी डाइट प्लान के बजाय, शाम के समय ली जाने वाली एक हल्की ड्रिंक के तौर पर देखना बेहतर है।

यहाँ मधुसूदन दूध क्यों अच्छा है?

केसर का रंग उभर कर आने के लिए एक क्रीमी बेस की ज़रूरत होती है। मधुसूदन दूध गाढ़ा और स्मूद होता है, इसलिए केसर इसमें अच्छी तरह घुल-मिल जाता है। इसका स्वाद ताज़ा और बढ़िया बना रहता है।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQs)

केसर वाला दूध किस काम आता है?

यह एक गर्म ड्रिंक है, जिसमें दूध से कैल्शियम और प्रोटीन मिलता है। थोड़ी मात्रा में केसर मूड को थोड़ा बेहतर बनाने में मदद कर सकता है। यह मेडिकल इलाज का विकल्प नहीं है।

केसर वाला दूध कैसे बनाएं?

केसर के कुछ धागों को गर्म दूध में भिगो दें। बाकी दूध को इलायची के साथ गर्म करें, फिर इसमें भीगा हुआ केसर मिला दें। इसे गर्म ही परोसें।

क्या रोज़ केसर वाला दूध पीना सुरक्षित है?

ज़्यादातर लोगों के लिए एक गिलास दूध में केसर के कुछ धागे डालना ठीक है। बहुत ज़्यादा मात्रा नुकसानदेह हो सकती है। गर्भवती महिलाओं और किसी स्वास्थ्य समस्या से जूझ रहे लोगों को पहले अपने डॉक्टर से सलाह लेनी चाहिए।

क्या दूध में केसर को उबालना ठीक है?

आंच धीमी रखें। पहले केसर को भिगो लें और फिर इसे दूध में अंत के समय मिलाएं।